रंग-पकवान और उमंग-उत्साह के पर्व होली की देशभर में धूम देखी जा रही है। गुझिया-पकवान इस त्योहार को खास बना देते हैं। स्वास्थ्य विशेषज्ञ कहते हैं, होली के आनंद के दौरान हमें अपनी सेहत को लेकर भी सतर्क रहने की जरूरत होती है।
खान-पान से लेकर, रंग गुलाल खेलने तक होली के दौरान हर कदम पर सावधानी जरूरी है। होली में लोग अक्सर भांग का सेवन कर लेते हैं। भांग वैसे तो देश के कई हिस्सों में पारंपरिक पेय भी है, हालांकि इसका सेवन सेहत के लिए कई मामलों में नुकसानदायक हो सकता है।
होली के बाद भांग के हैंगओवर के मामले बढ़ जाते हैं। आइए जानते हैं कि भांग के क्या नुकसान हो सकते हैं और अगर किसी को भांग का हैंगओवर हो जाए तो इसे कैसे ठीक किया जाए?

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भांग और इसके खतरे
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पहले जान लीजिए भांग होता क्या है?
भांग, दरअसल कैनाबिस पौधे की पत्तियों और फूलों से बनाई जाती है। अध्ययनों से पता चलता है कि इसमें टेट्राहाइड्रोकैनाबिनॉल नामक तत्व होता है। यही तत्व दिमाग पर असर डालता है और नशे की स्थिति पैदा करता है।
- होली के दौरान अक्सर लोग उत्साह में इसकी मात्रा का अंदाजा नहीं लगा पाते और नशा ज्यादा चढ़ जाता है।
- भांग के नशे के कारण घबराहट, चक्कर आने, उलझन, धड़कन तेज होने या उल्टी जैसी समस्याएं हो सकती हैं।

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भांग का नशा कितना खतरनाक होता है?
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भांग पीने के क्या नुकसान हैं?
मेडिकल अध्ययनों से पता चलता है कि भांग में मौजूद टेट्राहाइड्रोकैनाबिनॉल का सीधे दिमाग के रिसेप्टर्स पर असर होता है। इसके अधिक सेवन से व्यक्ति को अत्यधिक नींद, भ्रम, चिंता, घबराहट और पैनिक अटैक तक हो सकता है।
- भांग के नशे के कारण दिल की धड़कन तेज होने का खतरा रहता है और ब्लड प्रेशर भी बढ़ सकता है।
- जिन लोगों को पहले से हृदय रोग, मानसिक स्वास्थ्य संबंधी समस्या या हाई बीपी है, उनके लिए यह ज्यादा जोखिम भरा हो सकता है।
- जो लोग अक्सर भांग पीते हैं, उनमें याददाश्त, ध्यान केंद्रित करने में दिक्कत और मानसिक स्वास्थ्य समस्याएं बढ़ सकती हैं।

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भांग का हैंगओवर कैसे ठीक करें?
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भांग का नशा चढ़ जाए तो क्या करें?
स्वास्थ्य विशेषज्ञ कहते हैं, होली के दौरान अगर किसी को भांग का नशा चढ़ जाए इसे कुछ उपायों से ठीक किया जा सकता है।
- व्यक्ति को शांत और सुरक्षित जगह पर ले जाएं। उसे पर्याप्त पानी पिलाएं ताकि शरीर हाइड्रेट रहे।
- गहरी और धीमी सांस लेने की सलाह दें ताकि घबराहट कम हो।
- विटामिन-सी और एंटीऑक्सीडेंट वाले पेय पदार्थ शरीर से नशे को कम करने में मदद करते हैं।
- व्यक्ति को दही और छाछ पिलाएं। इससे हाइड्रेशन होता है और पाचन में भी सुधार होता है।
- भांग का असर समय के साथ अपने आप कम होता है, आमतौर पर 3 से 6 घंटे में असर घटने लगता है।
- पर्याप्त आराम, पानी और हल्का भोजन सबसे बेहतर उपाय हैं।
- अगर उल्टी, बेहोशी, सीने में दर्द, बहुत तेज धड़कन या असामान्य व्यवहार दिखे तो तुरंत डॉक्टर से संपर्क करें या नजदीकी अस्पताल ले जाएं।
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नोट: यह लेख मेडिकल रिपोर्टस से एकत्रित जानकारियों के आधार पर तैयार किया गया है।
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