बीना, सोनभद्र, एबीएन न्यूज। आकाशीय बिजली से हो रही आकस्मिक मौतों पर रोक लगाने के लिए दुद्धी तहसील क्षेत्र में बड़े पैमाने पर तड़ित चालक यंत्र लगाए जाने की मांग तेज हो गई है। इस संबंध में ऑल इंडिया पीपुल्स फ्रंट (एआईपीएफ) ने जिलाधिकारी, मुख्यमंत्री उत्तर प्रदेश तथा राष्ट्रीय मानवाधिकार आयोग के अध्यक्ष को ईमेल के माध्यम से पत्र भेजकर तत्काल कार्रवाई की मांग की है।
एआईपीएफ के जिला सचिव इंद्रदेव खरवार ने अपने पत्र में कहा है कि बभनी क्षेत्र के चौना गांव में शनिवार शाम आकाशीय बिजली गिरने से दो मासूम बच्चियों की दर्दनाक मौत बेहद दुखद और चिंताजनक है। घटना में चौना गांव की 9 वर्षीय अर्चना पुत्री विष्णु दयाल तथा 8 वर्षीय आस्था पुत्री राजेश कुमार की मौके पर ही मृत्यु हो गई, जबकि कुछ दूरी पर खड़ा गांव का 12 वर्षीय बालक हर्ष पुत्र देवनारायण घायल हो गया।
उन्होंने कहा कि यह कोई पहली घटना नहीं है, बल्कि दुद्धी तहसील के पहाड़ी और पठारी क्षेत्रों में हर वर्ष आकाशीय बिजली के प्रकोप से ग्रामीणों की जान जाती है। कई परिवार इस प्राकृतिक आपदा की त्रासदी झेल चुके हैं, लेकिन अब तक स्थायी समाधान की दिशा में ठोस कदम नहीं उठाए गए हैं।
पत्र में बताया गया कि ऑल इंडिया पीपुल्स फ्रंट द्वारा लंबे समय से दुद्धी तहसील के पहाड़ी-पठारी अंचलों में तड़ित चालक यंत्र लगाने की मांग उत्तर प्रदेश सरकार और जिला प्रशासन से की जाती रही है, ताकि ग्रामीणों को बिजली गिरने जैसी घटनाओं से सुरक्षा मिल सके। बावजूद इसके अब तक न तो पर्याप्त संख्या में यंत्र लगाए गए और न ही प्रभावी कार्यवाही की गई।
एआईपीएफ ने इसे नागरिकों के जीवन की रक्षा के संवैधानिक दायित्वों की अनदेखी बताते हुए कहा कि यह क्षेत्रीय उपेक्षा और गैरजिम्मेदाराना रवैये को दर्शाता है। संगठन ने मांग की है कि दुद्धी तहसील के संवेदनशील इलाकों में तत्काल तड़ित चालक यंत्र लगाए जाएं, ताकि भविष्य में ऐसी घटनाओं पर रोक लग सके। इसके साथ ही चौना गांव में मृत बच्चियों के परिजनों और घायल बालक के परिवार को समुचित मुआवजा देने की भी मांग की गई है।
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