अनपरा/सोनभद्र/एबीएन न्यूज। एनसीएल बीना परियोजना में कार्यरत मेसर्स आर.एन. इंजीनियरिंग की कथित लापरवाही एवं सुरक्षा मानकों की अनदेखी को लेकर सीटिया (AICWF-CITU) ने सोमवार को महाप्रबंधक को ज्ञापन सौंपकर मामले की निष्पक्ष जांच एवं दोषियों के विरुद्ध कड़ी कार्रवाई की मांग की।
संगठन का आरोप है कि ठेकेदार द्वारा आवश्यक अनुमति एवं संबंधित विभागों से समुचित समन्वय के बिना कराई गई खुदाई के दौरान भूमिगत विद्युत केबल क्षतिग्रस्त हो गई। इसके चलते परियोजना के आवासीय परिसर में बिजली आपूर्ति बाधित हो गई। हालांकि बाद में लगभग चार घंटे के प्रयास के बाद विद्युत आपूर्ति बहाल कर दी गई, लेकिन इस दौरान कर्मचारियों एवं उनके परिवारों को भारी असुविधा का सामना करना पड़ा। बिजली बाधित होने से जलापूर्ति भी प्रभावित रही, जिससे दैनिक कार्यों पर प्रतिकूल असर पड़ा।
सीटिया (AICWF-CITU) के अध्यक्ष मनोज कुमार शर्मा ने कहा कि परियोजना क्षेत्र में कार्यरत सभी ठेकेदारों के लिए सुरक्षा मानकों एवं निर्धारित प्रक्रियाओं का पालन अनिवार्य होना चाहिए। उन्होंने कहा कि कर्मचारियों की सुरक्षा तथा परियोजना की मूलभूत सुविधाओं से किसी भी प्रकार का समझौता स्वीकार नहीं किया जा सकता। उन्होंने घटना की निष्पक्ष जांच कर दोषी पाए जाने वालों के विरुद्ध कठोर कार्रवाई करने तथा परियोजना को हुई क्षति की भरपाई संबंधित ठेकेदार से कराने की मांग की।
संगठन के सचिव सत्य प्रकाश ने कहा कि भविष्य में ऐसी घटनाओं की पुनरावृत्ति रोकने के लिए जिम्मेदारी तय करना आवश्यक है। उन्होंने मांग की कि जांच पूरी होने तक संबंधित कार्यों की प्रभावी निगरानी रखी जाए तथा दोषी पाए जाने पर नियमानुसार कार्रवाई सुनिश्चित की जाए।
ज्ञापन में सीटिया (AICWF-CITU) ने प्रबंधन से इस पूरे मामले को गंभीरता से लेते हुए शीघ्र, निष्पक्ष एवं प्रभावी कार्रवाई करने की अपेक्षा व्यक्त की है, ताकि कर्मचारियों के हितों की रक्षा हो सके और भविष्य में इस प्रकार की घटनाओं की पुनरावृत्ति न हो।
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