सोनभद्र/एबीएन न्यूज। मुख्यमंत्री के निर्देशानुसार जनपद सोनभद्र में बुधवार से जीएनएसएस (ग्लोबल नेविगेशन सैटेलाइट सिस्टम) रोवर तकनीक आधारित विशेष पैमाइश अभियान का शुभारंभ हो गया। यह अभियान 1 जुलाई से 15 अगस्त, 2026 तक संचालित किया जाएगा। अभियान की शुरुआत जिलाधिकारी श्री चर्चित गौड़ ने बभनौली कला गांव में स्वयं खेत पर पहुंचकर कराई। इस दौरान वह पगडंडियों के सहारे पैदल चलकर किसान के खेत तक पहुंचे और अपनी मौजूदगी में आधुनिक रोवर तकनीक से पैमाइश कार्य प्रारंभ कराया।
जिलाधिकारी श्री चर्चित गौड़ ने कहा कि आधुनिक जीएनएसएस रोवर तकनीक के माध्यम से खेतों, चकमार्गों एवं राजस्व अभिलेखों की सटीक, पारदर्शी एवं समयबद्ध पैमाइश सुनिश्चित की जाएगी। इस तकनीक से भूमि संबंधी विवादों के निस्तारण में तेजी आएगी, राजस्व अभिलेख अधिक सटीक होंगे तथा किसानों को पारदर्शी और विश्वसनीय राजस्व सेवाएं उपलब्ध कराई जा सकेंगी।

उन्होंने संबंधित अधिकारियों को निर्देशित किया कि प्रत्येक तहसील में गठित रोवर टीम प्रतिदिन कम से कम पांच गांवों में अभियान संचालित करते हुए निर्धारित समयावधि में पैमाइश कार्य पूर्ण करे। साथ ही प्रत्येक कार्य की फोटोग्राफी, वीडियोग्राफी एवं दैनिक प्रगति का नियमित अभिलेखीकरण सुनिश्चित किया जाए, ताकि अभियान की प्रभावी निगरानी की जा सके और कार्य में पूरी पारदर्शिता बनी रहे।
जिलाधिकारी ने कहा कि प्रदेश सरकार की मंशा के अनुरूप आधुनिक तकनीक का उपयोग कर राजस्व संबंधी सेवाओं को अधिक सरल, पारदर्शी एवं विवादरहित बनाया जा रहा है। उन्होंने अधिकारियों से निर्देशों का शत-प्रतिशत अनुपालन सुनिश्चित करने तथा किसानों की समस्याओं का त्वरित एवं निष्पक्ष समाधान करने पर विशेष जोर दिया।

खेत तक पगडंडी के रास्ते पैदल पहुंचकर जिलाधिकारी द्वारा अभियान का शुभारंभ किए जाने से ग्रामीणों में विशेष उत्साह देखने को मिला। ग्रामीणों ने उनकी सादगी, जमीनी कार्यशैली तथा किसानों के बीच पहुंचकर योजनाओं का शुभारंभ करने की पहल की सराहना करते हुए कहा कि इससे प्रशासन और ग्रामीणों के बीच विश्वास और मजबूत होगा। किसानों ने उम्मीद जताई कि आधुनिक तकनीक आधारित इस अभियान से भूमि संबंधी विवादों के समाधान में तेजी आएगी और राजस्व कार्यों में पारदर्शिता बढ़ेगी।
जिला प्रशासन के अनुसार विशेष पैमाइश अभियान के दौरान प्रत्येक तहसील में निर्धारित कार्ययोजना के अनुरूप गांवों का चयन कर आधुनिक जीएनएसएस रोवर तकनीक से पैमाइश की जाएगी, जिससे राजस्व अभिलेखों की शुद्धता सुनिश्चित होने के साथ-साथ आमजन को त्वरित एवं गुणवत्तापूर्ण राजस्व सेवाओं का लाभ मिल सकेगा।
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