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अमिताभ बच्चन को आज बॉलीवुड के सबसे बड़े सितारों में गिना जाता है. दशकों से उन्होंने अपनी एक्टिंग और दमदार आवाज से लोगों के दिलों में खास जगह बनाई है. हालांकि इस मुकाम तक पहुंचने से पहले उनकी जिंदगी में भी ऐसे कई पड़ाव आए, जब उन्हें अपने करियर को लेकर अलग-अलग रास्तों के बारे में सोचना पड़ा था. बिग बी ने अब ‘कौन बनेगा करोड़पति 18’ में अपनी जिंदगी का एक दिलचस्प किस्सा सुनाया.
अमिताभ ने कॉलेज के दिनों को किया याद
नई दिल्ली: अमिताभ बच्चन अपनी जिंदगी से जुड़े किस्से सुनाते रहे हैं. उन्होंने अब ‘कौन बनेगा करोड़पति’ के सीजन 18 में अपने करियर पर बात की. उन्होंने अपने पुराने दिनों को याद करते हुए पढ़ाई से जुड़ा एक मजेदार किस्सा सुनाया. उन्होंने बातचीत में बताया कि एक समय उनके मन में भारतीय विदेश सेवा (आईएफएस) में जाने का ख्याल आया था. हालांकि, यह सपना ज्यादा आगे नहीं बढ़ सका.
शो में अमिताभ बच्चन कंटेस्टेंट प्रगति कल्पेकर से बात कर रहे थे. प्रगति ने अपने भविष्य के बारे में बताया कि वह आगे की पढ़ाई जारी रखना चाहती हैं और भारतीय विदेश सेवा में अधिकारी बनना उनका सपना है. प्रगति ने बिग बी से कहा, ‘मैं आईएफएस बनना चाहती हूं क्योंकि इस नौकरी में मुझे देश को रीप्रेजेंट करने का मौका मिलेगा.’ उन्होंने अमिताभ को बताया कि राजनयिकों को मैरून रंग का पासपोर्ट मिलता है और उस पर राजनयिक लिखा होता है. प्रगति की बात सुनकर अमिताभ को अपने कॉलेज के दिन याद आ गए और उन्होंने अपनी जिंदगी से जुड़ा एक दिलचस्प किस्सा सुनाया.
पिता की सीख को किया याद
अमिताभ ने कहा, ‘मेरे पिता हरिवंश राय बच्चन चाहते थे कि मैं अपनी ग्रेजुएशन की पढ़ाई पूरी करूं. वह मुझे अक्सर समझाते थे कि जिंदगी में ग्रेजुएशन करना बहुत जरूरी है. मैंने साइंस सब्जेक्ट लिया था लेकिन कॉलेज में पहुंचने के बाद मुझे समझ आ गया कि यह सब्जेक्ट उनके लिए आसान नहीं होने वाला. पहले ही लेक्चर में मुझे ऐसा लगा जैसे स्कूल में दस साल में पढ़ी गई सारी चीजें एक-साथ पढ़ाई जा रही हैं. मुझे लगा कि शायद मैंने साइंस लेकर गलती कर दी.’
आईएफएस में जाना चाहते थे बिग बी
अमिताभ ने कहा, ‘पढ़ाई में मुश्किल के कारण मैं एग्जाम में फेल भी हो गया था. हालांकि बाद में ‘अलाउड टू कीप टर्म’ के जरिए मैं सिर्फ दो नंबर से पास हुआ.’ इसके बाद, अमिताभ ने अपने पुराने सपने का जिक्र किया. उन्होंने कहा, ‘एक समय मेरे मन में आईएफएस में जाने का विचार आया था. मैंने भी सिविल सर्विस का एग्जाम देने और भारतीय विदेश सेवा में करियर बनाने के बारे में सोचा था. हालांकि, उस समय मुझे आईएफएस के बारे में ज्यादा जानकारी नहीं थी. मुझे इसका ‘आई’ तक नहीं आता था. इसलिए मैंने इस विचार को छोड़ दिया.’
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अभिषेक नागर \’न्यूज18 डिजिटल\’ में सीनियर सब एडिटर के पद पर काम कर रहे हैं. दिल्ली के रहने वाले अभिषेक नागर \’न्यूज18 डिजिटल\’ की एंटरटेनमेंट टीम का हिस्सा हैं. उन्होंने एंटरटेनमेंट बीट के अलावा करियर, हेल्थ और…
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