नई दिल्ली. कुछ फिल्में ऐसी होती हैं जो सिर्फ मनोरंजन नहीं, बल्कि एक भावना बन जाती हैं. 1997 में आई जेपी दत्ता की ‘बॉर्डर’ एक ऐसी ही फिल्म थी. अब पूरे 29 साल बाद, उस ऐतिहासिक गाथा का दूसरा अध्याय ‘बॉर्डर 2’ रिलीज के लिए तैयार है. 23 जनवरी 2026 को सिनेमाघरों में दस्तक देने जा रही इस फिल्म को लेकर देशभर में जो ‘बज’ है, वैसा शायद ही पिछले कुछ सालों में किसी और फिल्म के लिए देखा गया हो.
एडवांस बुकिंग में ही किया धमाका
फिल्म की रिलीज में अभी समय है, लेकिन बॉक्स ऑफिस पर इसका असर अभी से दिखने लगा है. शुरुआती आंकड़ों के मुताबिक, ‘बॉर्डर 2’ ने एडवांस बुकिंग के जरिए अब तक 3.29 करोड़ रुपये की कमाई कर ली है. ट्रेड एक्सपर्ट्स का मानना है कि जैसे-जैसे रिलीज की तारीख करीब आएगी, यह आंकड़ा तेजी से बढ़ेगा. जिस तरह से लोग टिकट खिड़कियों पर टूट रहे हैं, उससे साफ है कि ‘तारा सिंह’ (गदर 2) के बाद अब ‘मेजर कुलदीप सिंह’ (बॉर्डर 2) का जादू एक बार फिर चलने वाला है, जिसके लिए सनी देओल पूरी तरह से तैयार हैं.
फिल्म के कलेक्शन और इसकी सफलता को लेकर देश के जाने-माने ट्रेड एनालिस्ट कोमल नाहटा ने News18 Hindi से एक्सक्लूसिव बातचीत की. नाहटा का विश्लेषण फिल्म की ब्रांड वैल्यू को साफ तौर पर दर्शाता है. उन्होंने कहा, ‘मैंने अभी तक यह फिल्म नहीं देखी है, इसलिए फिलहाल किसी निश्चित आंकड़े का अंदाजा लगाने का कोई ठोस आधार मेरे पास नहीं है. लेकिन, पहली ‘बॉर्डर’ जिस तरह की ब्लॉकबस्टर साबित हुई थी, उसे देखते हुए उम्मीदें सातवें आसमान पर हैं. हर कोई चाहेगा कि यह इंडियन बॉक्स ऑफिस पर कम से कम 350-400 करोड़ रुपये का बिजनेस करे.’ कोमल नाहटा की यह भविष्यवाणी संकेत देती है कि फिल्म न केवल अपनी लागत निकालेगी, बल्कि मुनाफे के नए रिकॉर्ड भी बना सकती है.
क्यों बेहद खास होने वाली ‘बॉर्डर 2’?
- सनी देओल का कमबैक: ‘गदर 2’ की ऐतिहासिक सफलता के बाद सनी देओल एक बार फिर अपने उसी रौद्र रूप में नजर आएंगे जिसके लिए उन्हें जाना जाता है.
- नई और पुरानी पीढ़ी का मेल: फिल्म में सनी देओल के साथ वरुण धवन और अहान शेट्टी जैसे युवा सितारे भी नजर आ रहे हैं, जो इसे नई पीढ़ी के दर्शकों से भी जोड़ता है.
- गणतंत्र दिवस का मौका: 23 जनवरी की रिलीज फिल्म को गणतंत्र दिवस (26 जनवरी) की लंबी छुट्टियों का फायदा देगी, जो बॉक्स ऑफिस पर कलेक्शन की सुनामी ला सकती है.
- इमोशनल कनेक्ट: ‘संदेशे आते हैं’ जैसे गीतों की विरासत आज भी करोड़ों भारतीयों की आंखों को नम कर देती है. फिल्म की धुन ही इसकी आधी सफलता तय कर चुकी है.
मेकर्स की उम्मीदें और चुनौतियां
फिल्म के मेकर्स ने इस प्रोजेक्ट पर पानी की तरह पैसा बहाया है. वीएफएक्स से लेकर असली लोकेशन्स पर शूटिंग तक, हर चीज को भव्य बनाने की कोशिश की गई है. हालांकि, फिल्म के सामने सबसे बड़ी चुनौती पहले पार्ट की तुलना से बचना है. पहली ‘बॉर्डर’ एक कल्ट फिल्म है, ऐसे में निर्देशक अनुराग सिंह के कंधों पर उस विरासत को आगे बढ़ाने की भारी जिम्मेदारी है.
क्या टूटेगा ‘पठान’ और ‘जवान’ का रिकॉर्ड?
सोशल मीडिया पर चल रही चर्चाओं को देखें तो ‘बॉर्डर 2’ केवल एक फिल्म नहीं, बल्कि एक इवेंट फिल्म बन गई है. फिल्म का सीधा मुकाबला किसी और से नहीं, बल्कि खुद के पहले पार्ट की ‘लेगेसी’ से है.










