दिग्गज अभिनेता धर्मेंद्र के निधन के बाद पूरा देश शोक में डूब गया था। 24 नवंबर 2025 को 89 साल की उम्र में उन्होंने दुनिया को अलविदा कह दिया। उनके जाने से न सिर्फ फिल्म इंडस्ट्री बल्कि उनके चाहने वालों को भी गहरा आघात पहुंचा। धर्मेंद्र के निधन के बाद उनके बेटे सनी देओल और बॉबी देओल ने मुंबई में प्रार्थना सभा का आयोजन किया, जिसमें फिल्म और राजनीति जगत की कई जानी-मानी हस्तियां शामिल हुईं। हालांकि, इस सभा में धर्मेंद्र की पत्नी हेमा मालिनी और उनकी बेटियां एशा देओल और अहाना देओल नजर नहीं आईं, जिसे लेकर तरह-तरह की अटकलें लगने लगीं।
हेमा मालिनी ने अब जाकर तोड़ी चुप्पी
अब एक महीने से ज्यादा समय बाद हेमा मालिनी ने इस पूरे मामले पर अपनी चुप्पी तोड़ी है। एक मीडिया हाउस को दिए इंटरव्यू में उन्होंने साफ शब्दों में कहा कि प्रार्थना सभाओं को लेकर जो फैसले लिए गए, वो पूरी तरह पारिवारिक और आपसी सहमति से थे। उन्होंने कहा कि हर परिवार की परिस्थितियां और रिश्ते अलग होते हैं, ऐसे में बाहरी लोगों को किसी नतीजे पर पहुंचने से पहले सच्चाई समझनी चाहिए।
घर पर अलग से रखी थी प्रार्थना सभा
हेमा मालिनी ने बताया कि उन्होंने अपने पति के लिए अपने घर पर एक अलग प्रार्थना सभा रखी थी, क्योंकि उनके करीबी लोग और सामाजिक दायरा अलग है। इसके अलावा दिल्ली में भी उन्होंने एक प्रार्थना सभा आयोजित की, जिसका कारण उनका राजनीतिक जीवन रहा। उन्होंने कहा कि राजनीति से जुड़े उनके कई मित्र और सहयोगी दिल्ली में हैं, इसलिए वहां कार्यक्रम करना जरूरी था। साथ ही उन्होंने मथुरा में भी एक प्रार्थना सभा रखी, क्योंकि वह उनका संसदीय क्षेत्र है और वहां के लोग धर्मेंद्र को बेहद प्रेम करते थे।
परिवार में कोई मतभेद नहीं- हेमा
अभिनेत्री ने ये भी साफ किया कि परिवार के भीतर सभी लोग एक-दूसरे से बातचीत में थे और किसी तरह का मतभेद नहीं था। उन्होंने कहा कि उन्होंने जो किया, वह उन्हें सही लगा और उन्हें अपने फैसले पर कोई पछतावा नहीं है। हेमा मालिनी के इस बयान के बाद उन तमाम अटकलों पर विराम लग गया, जिनमें परिवार के बीच दूरी की बातें कही जा रही थीं।
गलत सूचनाओं पर जताई नाराजगी
इसी बातचीत में हेमा मालिनी ने धर्मेंद्र के निधन से जुड़ी गलत सूचनाओं पर भी नाराजगी जताई। उन्होंने कहा कि सोशल मीडिया पर कुछ ऐसे वीडियो और तस्वीरें फैल रही हैं, जिनसे लोगों को भ्रम हो रहा है। उन्होंने बताया कि कई प्रशंसक उन्हें संदेश भेजकर हिम्मत रखने की बात कह रहे हैं, जबकि हकीकत इससे अलग है। हेमा मालिनी ने कहा कि वह भावनाओं को अपने भीतर रखती हैं और मुश्किल समय में भी खुद को संभालना जानती हैं।
उन्होंने अपने जीवन के पुराने अनुभवों का जिक्र करते हुए कहा कि जब उनकी मां का निधन हुआ था, तब भी उन्हें लगा था कि आगे जीवन कैसे चलेगा, लेकिन समय ने उन्हें मजबूत बनाया। यही जीवन का सच है, जो इंसान को हर हाल में आगे बढ़ना सिखाता है।
धर्मेंद्र की आखिरी फिल्म हुई रिलीज
गौरतलब है कि धर्मेंद्र की आखिरी फिल्म ‘इक्कीस’ हाल ही में सिनेमाघरों में रिलीज हुई थी, जिसे उनके प्रशंसक भावुक होकर देख रहे हैं। धर्मेंद्र भले ही अब हमारे बीच नहीं हैं, लेकिन उनका योगदान और उनकी यादें हमेशा सिनेमा प्रेमियों के दिलों में जिंदा रहेंगी।











