प्रगति मैदान में चल रहे भारतीय एआई इम्पैक्ट समिट में हाई सिक्योरिटी जोन से एआई फिटनेस वेयरबल चोरी होने से सुरक्षा एजेंसियों में हड़कंप मचा हुआ है। एआई वियरेबल डिवाइस बातचीत को ट्रैक करने और भावनाओं का विश्लेषण करने में सक्षम हैं। ये चोरी भी उस समय हुई है जब प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी समिट का उद्घाटन करने भारत मड़ंपम पहुंचे थे और सुरक्षा व्यवस्था पूरी तरह सख्त थी। दिल्ली पुलिस के तिलक मार्ग थाने में चोरी को लेकर प्राथमिकी दर्ज कर ली गई है। एआई समिट के दौरान काफी अव्यवस्थाएं भी देखने को मिल रही है।
दिल्ली पुलिस के एक वरिष्ठ अधिकारी ने बताया कि बेंगलुरु के एक स्टार्टअप संस्थापक ने आरोप लगाया है कि उनकी कंपनी के स्टॉल से कीमती एआई वियरेबल डिवाइस चोरी हुए हैं। आरोप है कि सुरक्षा कर्मियों ने वहां लगे स्टॉल को भी खाली करा लिया था। कंपनी के सीईओ और को-फाउंडर धनंजय यादव ने बताया कि उनके उत्पाद एक्सपो एरिया से उस वक्त गायब हुए, जब वहां केवल सुरक्षाकर्मियों को ही आने-जाने की अनुमति थी। उन्होंने सवाल उठाया है कि आखिर हाई सिक्योरिटी जोन में रखे गए एआई वियरेबल कैसे चोरी हो सकती हैं।
धनंजय यादव की कंपनी ने सोशल मीडिया प्लेटफॉर्म एक्स पर पोस्ट कर लिखा है कि इंपैक्ट समिट का पहला दिन हमारे लिए दर्दभरा रहा। धनंजय यादव ने बताया कि लगता है कि सुरक्षाकर्मियों के बीच समन्वय का अभाव था। उन्होंने बताया कि स्टॉल खाली करा रहे अधिकारी से उन्होंने पूछा था कि क्या वे अपने एआई वियरेबल साथ ले जाएं, लेकिन उन्हें बताया गया कि अन्य लोग भी अपने लैपटॉप आदि वहीं छोड़ रहे हैं। सुरक्षा कर्मी उनका ध्यान रखेंगे लेकिन लौटकर आए तो एआई वियरेबल स्टॉल में नहीं था।
व्यवस्थाओं से लोग परेशान
एआई समिट के दौरान काफी अव्यवस्थाएं देखने को मिल रही हैं। यूपीआई से पेमेंट नहीं हो रही है। इंटरनेट नहीं चल रहा है। लोगों की बाहर लंबी-लंबी लाइनें लग रही हैं। धक्का-मुक्की हो रही है। साथ ही आने-जाने के लिए साइनेज नहीं लगाए गए हैं। वीआईपी के आने से लोगों को भगा दिया जाता है।
एआई समिट में डिवाइस चोरी मामले में तिलक मार्ग थाने में एफआईआर दर्ज कर ली गई हैं। जांच शुरू करने के साथ तथ्यों को वेरीफाई किया जा रहा है।
देवेश कुमार महला, पुलिस उपायुक्त, नई दिल्ली जिला












