वर्ष 1981 के दौरान सिकंदराराऊ क्षेत्र में फिल्म ‘पिया मिलन’ की शूटिंग हुई थी। इस फिल्म में क्षेत्र के गांव गड़ौला निवासी पुष्पा चौहान ने फिल्म की नायिका की बुआ की भूमिका निभाई थी। इस फिल्म की शूटिंग से पुष्पा चौहान पूरे क्षेत्र में लोकप्रिय हो गईं और कांग्रेस की टिकट पर विधायक चुनी गईं। 90 वर्ष की आयु में 20 नवंबर को मेरठ में उनका निधन हो गया।
बता दें कि पुष्पा चौहान की शादी अलीगढ़ निवासी एक अधिवक्ता से हुई थी। उनके सगे बड़े भाई केपी सिंह मुंबई में फिल्म निर्माता थे। उन्होंने धर्मेंद्र और हेमा मालिनी के साथ फिल्म ‘पत्थर और पायल’ बनाई थी। इसके बाद केपी सिंह ने फिल्म ‘पिया मिलन’ बनाई। इस दौरान पुष्पा चौहान ने सिकंदराराऊ से विधायक का चुनाव लड़ने का विचार किया। चुनाव जीतने के लिए सिकंदराराऊ में फिल्म की शूटिंग करना लोकप्रिय होने का सबसे अच्छा रास्ता नजर आया।
अभिनेता सचिन और अभिनेत्री साधना सिंह के साथ सिकंदराराऊ में फिल्म की शूटिंग शुरू हुई। सहायक कलाकार मुंबई से यहां आते-जाते रहे। फिल्म चली और पुष्पा चौहान लोकप्रिय हो गईं। वर्ष 1981 में उन्होंने कांग्रेस के टिकट पर विधायक का चुनाव जीता। इसके बाद उनका सिकंदराराऊ में आना-जाना लगा रहा। अपने पुत्र की शादी में उन्होंने गांव में एक बड़ा भोज किया।
उनके निधन पर विधायक वीरेंद्र सिंह राणा, पूर्व विधायक यशपाल सिंह चौहान, पूर्व विधायक सुरेश प्रताप गांधी, भाजपा नेता जयपाल सिंह चौहान, व्यापारी नेता विपिन वार्ष्णेय, विष्णु वार्ष्णेय, प्रधान पंचायत संगठन के राष्ट्रीय सचिव अशोक जादौन ने शोक व्यक्त किया है।










