साइबर जालसाजों ने दो बुजुर्गों और एलडीए में तैनात महिला कर्मचारी को डिजिटल अरेस्ट कर एक करोड़ आठ लाख रुपये वसूल लिए। दो बुजुर्गों ने साइबर क्राइम थाने और महिला ने इंदिरानगर थाने में एफआईआर दर्ज कराई है। पुलिस ठगों का पता लगा रही है।
खाते से ट्रांसफर करवा लिए 30 लाख रुपये
राजाजीपुरम निवासी बुजुर्ग महालक्ष्मी श्रीवास्तव के मुताबिक 24 नवंबर को उनके पास अंजान नंबर से कॉल आई। फोन करने वाले ने खुद को पुलिस हेडक्वार्टर में तैनात इंस्पेक्टर रंजीत कुमार बताते हुए कहा कि जम्मू कश्मीर के अफजल खान के पास से उनका आधार कार्ड मिला है। पहलगाम हमले में पकड़े गए आतंकवादी हाफिज फौजी ने बयान दिया है कि उसने आपके बैंक खाते में 70 लाख रुपये भेजे हैं।
इसके एवज में आपने देश के खिलाफ जानकारी साझा की है। महालक्ष्मी को मनी लॉन्ड्रिंग के केस में दोषी पाए जाने की बात कहते हुए जेल भेजने की धमकी दी गई। झांसे में लेने के लिए एटीएस के कथित अफसर से बात कराई। उसने भी महालक्ष्मी को धमकाया और मदद का झांसा देकर डिजिटल अरेस्ट कर लिया। इसके बाद ठगों ने उनके खाते से 30 लाख रुपये ट्रांसफर करवा लिए। छह दिसंबर को फिर से रुपये मांगे। इस पर महालक्ष्मी को संदेह हुआ और उन्होंने साइबर थाने में शिकायत दर्ज कराई।