शंकाराचार्य विवाद के बीच इस्तीफा देकर सुर्खियों में आए अलंकार अग्निहोत्री ने यूजीसी के नियमों को लेकर सरकार पर कई आरोप लगाए हैं. उन्होंने दावा किया है कि UGC के नए नियम एक बहुत ही सोची-समझी और सुनियोजित साजिश के तहत लाए गए थे.
उन्होंने कहा कि यह नए यूपी में 2027 के चुनावों को ध्यान में रखते हुए लाए गए थे. क्योंकि केंद्र सरकार की लड़ाई राज्य सरकार से है. उन्होंने यह भी कहा कि एक व्यक्तिगत लड़ाई मुख्यमंत्री से चल रही है.
सीएम योगी को लेकर कही ये बड़ी बात
अलंकार अग्निहोत्री ने कहा कि मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ हमारे अपने हैं. इसलिए कोई भी बाहर का व्यक्ति आकर जो भी केंद्रीय मशीनरी और एजेंसीज ईडी, ईसीआई, सीबीआई और इनकम टैक्स का प्रयोग कर एक पंजे की तरह हमारे जितने भी प्रतिनिधि हैं वह चाहें केंद्र या राज्य में हों उन पर जकड़ लगा रखी है.
उन्होंने आगे कहा कि प्रतिनिधि अगर थोड़ा सा भी विरोध करते हैं तो इन एजेंसीज के माध्यम से प्रताड़ना की जाती है. वहीं जो केंद्र और राज्य सरकार को समर्थन देते हैं तो सब कुछ सही हो जाता है. अगर विरोध करते हैं तो इनको अलग-अलग तरीके से परेशान किया जाता है.
अलंकार अग्निहोत्री ने क्यों दिया इस्तीफा
अलंकार अग्निहोत्री ने बताया कि इसी वजह से मैंने कहा था कि अगर 26 जनवरी तक कोई कार्रवाई नहीं होती है तो हम इस्तीफा देते हैं, जिससे पूरे देश में मैसेज जाएगा. इसके बाद उस मैसेज को पूरे देश ने कुबूल किया और हम लोग आगे बढ़े.
उन्होंने कहा कि इस बीच हमारे पास करीब 1200 से 1400 विभिन्न जिलों के संगठन थे वह हमारे माध्यम से एकजुट हो गए. इसके बाद हमने कहा कि अब आप देश या राष्ट्रव्यापी आंदोलन करना चालू कीजिए.
एससी-एसटी एक्ट को लेकर सरकार को दी चेतावनी
अलंकार अग्निहोत्री ने आगे कहा कि एससी-एसटी एक्ट के काले कानून को जल्द से जल्द निरस्त किया जाए. उन्होंने आगे कहा कि संसद में स्पेशल सेशन बुलाकर इसे रिपील किया जाए. अगर नहीं किया गया तो पूरा देश दिल्ली की तरफ कूच कर रहा है. उन्होंने आगे बिना नाम लिए कहा कि आप दोनों को हम चार्टर प्लेन से गुजरात छोड़कर आएंगे.
अलंकार अग्निहोत्री ने कहा कि आप ध्यान में रखिएगा अभी आप लोग देश में अल्पमत में हैं. आपने पूरे राज्य और राष्ट्र की आत्मा पर हमला किया है. उन्होंने आगे कहा कि मैं कानपुर से हूं और यहां पर दांडी मार्च भी करूंगा और तात्या टोपे की तरह क्रांति भी करूंगा. यह ध्यान रखिए कि यह उत्तर प्रदेश क्रांति का शहर है.












