सोनभद्र/एबीएन न्यूज। जिलाधिकारी श्री बी.एन. सिंह ने आज रॉबर्ट्सगंज ब्लॉक अंतर्गत कुसी गांव में किसानों द्वारा की जा रही तकनीकी आधारित खेती एवं बागवानी का जायजा लिया। इस दौरान वह कृषक भोला के खेत पर पहुंचे, जहां एक साथ पपीता, ड्रैगन फ्रूट, स्ट्रॉबेरी, सूरन, अमरूद, केला सहित विभिन्न फसलों एवं बागवानी का सफलतापूर्वक उत्पादन किया जा रहा है। तकनीकी विधि से की जा रही इस उन्नत खेती को देखकर जिलाधिकारी ने प्रसन्नता व्यक्त की।
जिलाधिकारी ने कहा कि जनपद सोनभद्र के किसान तकनीकी आधारित खेती के माध्यम से अपनी आय में निरंतर वृद्धि कर अपने जीवन स्तर में सुधार ला रहे हैं। उन्होंने कहा कि किसान देश के माननीय प्रधानमंत्री श्री नरेंद्र मोदी एवं माननीय मुख्यमंत्री श्री योगी आदित्यनाथ के विजन को साकार कर रहे हैं। तकनीकी खेती के कारण अब सोनभद्र की पहचान एक उन्नत कृषि क्षेत्र के रूप में बन रही है और इससे जिले के किसान खुशहाल हो रहे हैं।
उन्होंने बताया कि जनपद में मिर्चा एवं टमाटर की अधिक उत्पादन वाली खेती कर उसका व्यापार कोलकाता एवं बांग्लादेश तक किया जा रहा है, जो किसानों की आय बढ़ाने का प्रमुख माध्यम बन चुका है। प्रधानमंत्री कृषि सिंचाई योजना, एकीकृत बागवानी विकास मिशन, संरक्षित खेती तथा बागवानी मशीनीकरण योजना के अंतर्गत किसान सब्जी एवं फल उत्पादन कर लाभ अर्जित कर रहे हैं। इसके साथ ही प्रधानमंत्री सूक्ष्म खाद्य उद्योग योजना के माध्यम से कृषि आधारित कार्यों से भी किसानों के जीवन स्तर में सुधार हो रहा है।

जिलाधिकारी द्वारा किसानों से खेती-बागवानी से होने वाली आय के संबंध में जानकारी लेने पर कृषकों ने बताया कि टमाटर, मिर्चा, ड्रैगन फ्रूट जैसी फसलों से उनकी वार्षिक आय 8 से 10 लाख रुपये तक हो जाती है। इस अवसर पर जिला उद्यान अधिकारी ने जानकारी दी कि इस क्षेत्र में लगभग 70 से 80 किसान मिर्चा, टमाटर, ड्रैगन फ्रूट एवं पपीता की खेती कर अपनी आय में उल्लेखनीय वृद्धि कर रहे हैं।
इस मौके पर जिला उद्यान अधिकारी श्री मेवाराम, डीसी जी राम जी, श्री रविंद्र वीर सिंह, अपर जिला सूचना अधिकारी श्री विनय कुमार सिंह, उद्यान निरीक्षक सहित बड़ी संख्या में कृषक बंधु उपस्थित रहे।
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