हिंदी सिनेमा की कल्ट क्लासिकल फिल्म शोले के गीत होली के दिन दिल खिल जाते हैं से जुड़ा है. शोले बॉलीवुड की सबसे शानदार मूवीज में से एक है. 50 साल बाद भी इसका गाना ‘होली के दिन दिल खिल जाते हैं’आज भी रंगों के त्योहार की पहचान बना हुआ है. इस गाने को पर्दे पर उतारने में पूरे 10 दिन लगे थे, जो उस दौर में किसी गाने के लिए लंबा शेड्यूल माना जाता था. रमेश सिप्पी ने फिल्म को बल्कि बड़ी बारीकी से तैयार किया और इसके हर एक सीन को लेकर विशेष तैयारी है. टाइम्स ऑफ इंडिया को दिए इंटरव्यू में रमेश ने शोले के होली सॉन्ग की मेकिंग को लेकर खुलकर बात की थी. उन्होंने बताया था कि हमारे सामने इस गीत को खास तरह से तैयार करने की चुनौती थी. क्योंकि यहीं से फिल्म की कहानी में टर्निंग प्वाइंट आना था.10 दिनों तक होली के दिन दिल खिल जाते हैं कि शूटिंग चलती रही. गाने को भव्य तरीके से बनाने के लिए सभी इतने समय तक रंग से सने कपड़ों को पहनकर सेट पर घूमते रहे और होली खेलते रहे. इस दौरान हमारे पास रंग की भारी खपत हो गई और इसके लिए हमें देश के अलग-अलग शहरों से रंग मंगाना पड़ा था. लता मंगेशकर और किशोर कुमार की जोड़ी ने इस गाने में अपनी जादुई आवाज का जलवा बिखेरा था. इसके अलावा संगीतकार आर डी बर्मन और गीतकार आनंद बख्शी ने इसमें चार चांद लगाए.
![]()











