लखनऊ/एबीएन न्यूज। उत्तर प्रदेश में होली पर्व की खुमारी लोगों के सिर चढ़कर बोल रही है। रंगों का यह पर्व पूरे प्रदेश में उल्लास और उमंग के साथ मनाया जा रहा है। बच्चों से लेकर बुजुर्गों तक हर आयु वर्ग के लोग उत्साहपूर्वक रंगोत्सव में भाग ले रहे हैं। ऐसे में प्रशासन की ओर से लगातार यह अपील की जा रही है कि लोग पर्व के उल्लास के बीच दूसरों की सहूलियत और भावनाओं का भी विशेष ध्यान रखें।
हाल ही में होलिका दहन कार्यक्रम के दौरान योगी आदित्यनाथ ने कहा था कि लोग पर्व को अपने परिवार और प्रियजनों के साथ सौहार्दपूर्ण तरीके से मनाएं। यदि कोई व्यक्ति होली नहीं मनाना चाहता है तो उस पर किसी भी प्रकार का दबाव न बनाया जाए। जबरन रंग लगाना या किसी को असहज करना उचित नहीं है।
इसी क्रम में राजीव कृष्ण ने भी प्रदेशवासियों से शांति एवं सद्भाव के साथ होली मनाने की अपील की है। डीजीपी ने कहा कि होली प्रेम, भाईचारे और सामाजिक समरसता का पर्व है, जिसे आपसी विश्वास और सम्मान के साथ मनाया जाना चाहिए। उन्होंने कहा कि उत्तर प्रदेश पुलिस नागरिकों की सुरक्षित और शांतिपूर्ण होली सुनिश्चित करने के लिए पूरी तरह प्रतिबद्ध है।
डीजीपी ने स्पष्ट किया कि पूरे प्रदेश में पर्याप्त पुलिस बल की तैनाती की गई है, ताकि किसी भी प्रकार की बाधा या अराजकता की स्थिति उत्पन्न न हो। सोशल मीडिया पर अफवाह फैलाने वालों पर भी पुलिस की पैनी नजर रहेगी। किसी भी प्रकार की भ्रामक या भड़काऊ सामग्री पोस्ट करने वालों के विरुद्ध कड़ी कार्रवाई की जाएगी।
उन्होंने लोगों से प्राकृतिक और सुरक्षित रंगों का प्रयोग करने, यातायात नियमों का पालन करने तथा नशे की अवस्था में वाहन न चलाने की अपील की। डीजीपी ने कहा कि उत्सव के दौरान संयम और जिम्मेदारी बनाए रखना आवश्यक है, ताकि सभी लोग निर्भय होकर पर्व का आनंद उठा सकें।
राजधानी लखनऊ में भी सुरक्षा के व्यापक इंतजाम किए गए हैं। संयुक्त पुलिस आयुक्त (कानून एवं व्यवस्था) बबलू कुमार ने बताया कि रंगोत्सव और शोभायात्राओं को सकुशल संपन्न कराने के लिए सभी अधिकारियों को आवश्यक निर्देश दिए गए हैं। करीब 4000 से अधिक पुलिसकर्मी और 50 राजपत्रित अधिकारी सुरक्षा ड्यूटी में लगाए गए हैं। किसी भी तरह की अराजकता फैलाने वालों के खिलाफ तत्काल गिरफ्तारी और सख्त कार्रवाई के निर्देश जारी किए गए हैं।
पुलिस उपायुक्त पश्चिम विश्वजीत श्रीवास्तव ने जानकारी दी कि चौक और पुराने लखनऊ में निकलने वाली शोभायात्राओं एवं जुलूसों की ड्रोन से निगरानी की जाएगी। इसके अतिरिक्त संवेदनशील क्षेत्रों में अतिरिक्त सीसीटीवी कैमरे लगाए गए हैं। थाना प्रभारियों द्वारा पीस कमेटियों के साथ बैठकें की जा रही हैं, ताकि क्षेत्र में शांति व्यवस्था बनी रहे। सोशल मीडिया की निगरानी के लिए 11 विशेष टीमें गठित की गई हैं, जो चौबीसों घंटे सक्रिय हैं।
प्रशासन की ओर से एक बार फिर प्रदेशवासियों से अपील की गई है कि वे प्रेम, सद्भाव और जिम्मेदारी के साथ होली का पर्व मनाएं और कानून व्यवस्था बनाए रखने में सहयोग करें।
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