बरेली में पारिवारिक विवाद को निपटाने के लिए बुलाई गई पंचायत में सास-साले की चाकू से गोदकर हत्या और पत्नी को गंभीर रूप से घायल करने वाले आरोपी अफसर खां को पुलिस ने मंगलवार सुबह सहारा ग्राउंड में मुठभेड़ के दौरान ढेर कर दिया।
पुलिस टीम पर आरोपी की ओर से करीब 10 फायर किए गए, जिसमें दो सिपाही घायल हुए। एक गोली इज्जतनगर थाना प्रभारी की बुलेट प्रूफ जैकेट में और दूसरी उनके वाहन में भी लगी। जवाबी कार्रवाई में अफसर को दो गोलियां लगीं। जिला अस्पताल में उसे मृत घोषित कर दिया।
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मुठभेड़ स्थल पर बरामद चाकू
– फोटो : संवाद न्यूज एजेंसी
‘जल्लाद था पति’
अफसर खां पति नहीं जल्लाद था। पुलिस ने सही किया जो उसे मार दिया। वरना वो मुझे और बच्चों को मार डालता। कई बार बच्चों की गर्दन पर छूरी रखकर ब्लैकमेल कर चुका था। आदमी कितना भी बुरा क्यों न हो, लेकिन कभी न कभी सुधर जाता है पर ये हैवान बन चुका था। नौ साल से उसकी जिंदगी नरक बना रखी थी।
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मुठभेड़ स्थल पर मिली पिस्टल की जांच करती पुलिस
– फोटो : संवाद न्यूज एजेंसी
पति अफसर खां के एनकाउंटर की जानकारी होते ही अस्पताल में भर्ती रहपुरा चौधरी निवासी सायमा के चेहरे पर सुकून सा नजर आया। कुछ देर शांत रहने के बाद सायमा बोलीं- रोज-रोज का झगड़ा ही खत्म हो गया। पुलिस ने उसे मारकर बिल्कुल सही किया। मुझे ऐसे आदमी से कोई मतलब नहीं। मर गया या जिंदा रहे, मुझे कोई वास्ता नहीं। उसी की वजह से आज मेरी ये हालत है।
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मुठभेड़ के दौरान पुलिस की गाड़ी में लगी गोली
– फोटो : संवाद न्यूज एजेंसी
शादी के बाद से अभी तक उसने कभी एक दिन भी खुशी से नहीं बिताया। हर दिन मारता-पीटता था। बीते शनिवार को वह रोजे से थी, लेकिन घर में दो दिन से खाना नहीं पक रहा था। मां आसमां ने घर आकर रोजा खोलने के लिए कहा तो उसने भी झगड़ने लगा। हाथ उठा दिया। इससे पहले भी कई बार उससे और उसके घर वालों के साथ मारपीट कर चुका था।
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आरोपी अमुठभेड़ स्थल पर पड़ी पिस्टलफसर का एनकाउंटर
– फोटो : संवाद न्यूज एजेंसी
सायमा ने बताया कि वर्ष 2022 में चाकू से पिता और उस पर हमला किया था। दोनों के सिर पर चोटें आई थीं। निशान आज तक हैं। उसने थाने में शिकायत की, लेकिन पुलिस से सांठगांठ करके उसने मामले को रफा-दफा कर लिया। ऐसा हर बार होता था, जब भी वह शिकायत करती पुलिस कोई कार्रवाई नहीं करती। रविवार सुबह और शाम को भी शिकायत की थी। लेकिन पुलिस ने तब भी कोई कार्रवाई नहीं की।