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Shakeel Badyuni Songs: गानों के बिना बॉलीवुड फिल्मों की कल्पना नामुमकिन सी है. इनके बिना हिंदी फिल्में अधूरी ही कहलाती हैं. खासकर रोमांटिक गाने, ये न हों तो फिल्म में कोई कमी सी नजर आती है. इस बात से हर भारतीय …और पढ़ें
हाइलाइट्स
- शकील बदायुनी ने पहला गाना फिल्म ‘दर्द’ के लिए लिखा था.
- शकील बदायुनी ने नौशाद के साथ मिलकर कई हिट गाने लिखे.
- शकील बदायुनी ने भक्ति गीत भी लिखे थे.
कुछ दिनों तक दिल्ली में रहने के बाद शकील बदायुनी 1946 में मुंबई चले गए, ताकि एक प्रोफेशनल नगमा निगार बन सकें. यहां मशहूर संगीतकार नौशाद ने उनके टैलेंट को पहचान लिया. इस मुलाकात से जुड़ा एक किस्सा भी बहुत दिलचस्प है. दरअसल, नौशाद साहब ने पूछ लिया कि अपना टैलेंट एक लाइन में बयां तो कीजिए. तब बदायूनी ने जवाब दिया- ’हम दर्द का अफसाना दुनिया को सुना देंगे, हर दिल में मोहब्बत की एक आग लगा देंगे.’ यहीं से शकील बदायुनी को उनकी पहली फिल्म मिली ‘दर्द’.
फिल्म का मशहूर गाना ‘अफसाना लिख रही हूं दिले बेकरार का’ शकील बदायुनी ने ही लिखा था. ये गाना हिट हो गया. उसके बाद नौशाद के साथ जोड़ी बन निकली. फिर तो दोनों ने मिलकर 50 और 60 के दशक के कुछ बेहतरीन गाने कंपोज किए. नगमें ऐसे जो सालों बाद भी दिल को भेदने का माद्दा रखते हैं. चाहे वो 1947 में आई फिल्म ‘दर्द’ का अफसाना लिख रही हूं या 1960 की मुगल-ए-आजम का ‘प्यार किया तो डरना क्या’ हो, 1960 की ही ‘चौदहवीं का चांद’ का रोमांस से भरपूर टाइटल ट्रैक हो या फिर बैजू बावरा का ‘ओ दुनिया के रखवाले’ जैसा बेइंतहा दर्द से भरा गीत हो.

शकील बदायुनी ने भक्ति गीत भी लिखे थे. (फोटो साभार: IANS)
गानों से मचा दी थी धूम
साल 1962 में एक जबरदस्त फिल्म रिलीज हुई ‘साहिब बीवी और गुलाम’. फिल्म में ‘भूतनाथ’ बने गुरुदत्त की मासूमियत और छोटी बहू के किरदार में ट्रैजेडी क्वीन मीना कुमारी को जितना पसंद किया गया, उतना ही इसके गानों ने धूम मचा दी. ‘न जाओ सइंया’ में पति को रिझाती पत्नी का दर्द शकील बदायुनी ने बखूबी बयां किया, तो श्रृंगार रस में डूबे ‘पीया ऐसो जिया में समाए…’ ने गीतकार की कलम का दम दिखा दिया.
शकील बदायुनी ने भजन भी लिखे
शकील साहब ने खुद को किसी सीमा में नहीं बांधा. यही वजह है कि आज की तारीख में भी एक भजन जो भारतीय जनमानस का प्रिय है उसे भी बदायुनी साहब ने रचा और ये था- ‘मन तड़पत हरि दर्शन को.’ आईएएनएस की रिपोर्ट के अनुसार, ये कृष्ण भजन भी ऐतिहासिक था. जानते हैं क्यों? क्योंकि लिखा शकील बदायुनी ने, संगीत दिया नौशाद ने और आवाज दी थी हर दिल अजीज मोहम्मद रफी ने.
अभिषेक नागर News 18 Digital में Senior Sub Editor के पद पर काम कर रहे हैं. वे News 18 Digital की एंटरटेनमेंट टीम का हिस्सा हैं. वे बीते 6 सालों से पत्रकारिता के क्षेत्र में सक्रिय हैं. वे News 18 Digital से पहल…और पढ़ें
अभिषेक नागर News 18 Digital में Senior Sub Editor के पद पर काम कर रहे हैं. वे News 18 Digital की एंटरटेनमेंट टीम का हिस्सा हैं. वे बीते 6 सालों से पत्रकारिता के क्षेत्र में सक्रिय हैं. वे News 18 Digital से पहल… और पढ़ें
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