बीना/सोनभद्र/एबीएन न्यूज। एनसीएल बीना परियोजना के मुख्य प्रबंधक कार्यालय के समक्ष सोमवार को ग्राम बांसी, चांदुआर, घरसड़ी एवं मिश्रा के ग्रामीणों और ग्राम प्रधानों ने चेन्नई राधा कंपनी में विस्थापितों को रोजगार देने की मांग को लेकर जोरदार धरना-प्रदर्शन किया।
सुबह लगभग 10 बजे से शुरू हुआ यह आंदोलन देर तक चलता रहा। प्रदर्शनकारियों ने “प्रबंधन मुर्दाबाद” के नारे लगाए और कंपनी पर विस्थापित परिवारों की अनदेखी का आरोप लगाया। ग्रामीणों का कहना है कि ओबी (ओवर बर्डन) कार्य कर रही चेन्नई राधा कंपनी विस्थापितों को नियमानुसार रोजगार देने में लापरवाही बरत रही है, जिससे लोगों में गहरा असंतोष व्याप्त है।
धरने के दौरान कार्यालय का कार्य भी बाधित रहा। स्थिति को संभालने के लिए परियोजना अधिकारी मोहम्मद साहवाज (सिक्योरिटी इंचार्ज) एवं बीना चौकी प्रभारी जितेंद्र सरोज मौके पर पहुंचे और प्रदर्शनकारियों को समझाने का प्रयास किया, किंतु वार्ता बेनतीजा रही।
ग्राम प्रधान प्रतिनिधि अरविंद केशरी और ओम नारायण ने चेतावनी दी कि जब तक ओबी कंपनी मजदूरों के ‘बी फॉर्म’ भरकर रोजगार प्रक्रिया शुरू नहीं करती, तब तक धरना जारी रहेगा। उन्होंने यह भी कहा कि यदि विस्थापितों को रोजगार नहीं दिया गया, तो 14 नवंबर से बीना खदान क्षेत्र में कंपनी का कार्य पूरी तरह बाधित किया जाएगा, जिसकी जिम्मेदारी परियोजना प्रबंधन की होगी।
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