सिंगरौली/एबीएन न्यूज़। नॉर्दर्न कोलफील्ड्स लिमिटेड (एनसीएल) की ककरी परियोजना में मंगलवार को 16वीं अंतर क्षेत्रीय प्राथमिक उपचार प्रतियोगिता का सफल आयोजन हुआ। यह प्रतियोगिता एनसीएल द्वारा कर्मियों, आम नागरिकों और बच्चों में प्राथमिक उपचार के प्रति जागरूकता बढ़ाने एवं चिकित्सा कौशल विकसित करने के उद्देश्य से आयोजित की गई।
कार्यक्रम के दौरान टीमों का मार्च पास्ट, प्राथमिक उपचार से जुड़ी थीम आधारित प्रदर्शनी, स्ट्रेचर ड्रिल, और वाइवा-प्रैक्टिकल परीक्षा के माध्यम से मूल्यांकन किया गया। प्रतिभागियों ने आघात, स्पाइनल इंजरी, बर्न इंजरी, हेड इंजरी, हार्ट अटैक आदि विषयों पर प्रदर्शन किया।
समापन समारोह में विजेता टीमों और प्रतिभागियों को सम्मानित किया गया।
मार्च पास्ट श्रेणी में बीना परियोजना प्रथम, दूधीचुआ परियोजना द्वितीय और जयंत परियोजना तृतीय रही।
फर्स्ट एड रेस्क्यूअर श्रेणी में अमलोरी के अमित कुमार सिंह एवं ककरी के एच.पी. सिंह को सम्मानित किया गया।
बेस्ट मॉडल्स श्रेणी में जयंत परियोजना विजेता बनी, जबकि दूधीचुआ और ककरी परियोजनाएं उपविजेता रहीं।
सीपीआर श्रेणी में दूधीचुआ ने पहला, ककरी ने दूसरा, और अमलोरी व जयंत परियोजनाओं ने तीसरा स्थान प्राप्त किया।
गृहणियों के लिए आयोजित प्रशिक्षण कार्यक्रमों में खड़िया परियोजना को सर्वाधिक कार्यक्रम आयोजित करने पर प्रथम स्थान मिला, जबकि दूधीचुआ व जयंत परियोजनाएं क्रमशः द्वितीय और तृतीय रहीं। सर्वाधिक प्रतिभागी प्रशिक्षित करने में दूधीचुआ ने बाजी मारी।
बेस्ट मेंबर श्रेणी में ककरी की टीम ए से दामोदर मंडल, खड़िया से ज्ञानेंद्र कुमार पटेल, एनएससी से रुचि पठारिया, अमलोरी से सूरज कुमार और सत्यम सिंह, तथा दूधीचुआ से डी. श्रुति को विजेता घोषित किया गया।
बेस्ट कैप्टन के रूप में सीडब्ल्यूएस के अजय गोंड, अमलोरी के अमृत कुमार सिंह, एनएससी की अनीता जगत, ककरी के हंसराज पटेल, अमलोरी के सिद्धयांश कुमार गुप्ता और दूधीचुआ की टी. रचना ने खिताब जीता।
वाइवा एंड एप्लीकेशन श्रेणी में बीना, ककरी, सीडब्ल्यूएस, अमलोरी, खड़िया, एनएससी, निगाही, कृष्णशिला और मुख्यालय की टीमों ने विभिन्न श्रेणियों में उत्कृष्ट प्रदर्शन किया।
स्ट्रेचर ड्रिल (हाउस वाइव्स) श्रेणी में खड़िया परियोजना विजेता रही, जबकि जयंत, झिंगुरदा और कृष्णशिला परियोजनाएं उपविजेता रहीं।
ओवरऑल श्रेणी में टीम ए में खड़िया परियोजना पहले, ककरी दूसरे और बीना परियोजना तीसरे स्थान पर रही। टीम बी में अमलोरी विजेता रही, जबकि खड़िया और निगाही उपविजेता रहीं। टीम सी में निगाही, टीम डी में अमलोरी, टीम ई में अमलोरी, और टीम एफ़ में दूधीचुआ परियोजना ने प्रथम स्थान प्राप्त किया।
यह प्रतियोगिता न केवल प्राथमिक चिकित्सा के महत्व को उजागर करती है, बल्कि एनसीएल कर्मियों की सजगता, तत्परता और मानव सेवा के प्रति समर्पण को भी रेखांकित करती है।
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