ओडिशा के पुरी में जिंदा जलाई गई लड़की की भुवनेश्वर एम्स में इलाज के दौरान शनिवार को मौत हो गई। अब इस मामले में नया मोड़ आ गया है। दरअसल पुलिस ने दावा किया है कि लड़की ने खुद आग लगाई, जबकि इससे पहले दावा किया जा रहा था कि कुछ बदमाशों ने युवती पर ज्वलनशील द्रव्य डालकर उसे जिंदा जला दिया। पुलिस ने सोशल मीडिया पर बयान जारी कर कहा है कि घटना में कोई दूसरा व्यक्ति शामिल नहीं था।
पुलिस ने कहा- घटना में कोई दूसरा व्यक्ति शामिल नहीं
ओडिशा पुलिस ने सोशल मीडिया पर जारी एक बयान में कहा कि ‘हम बालंगा मामले की पीड़ित लड़की की मौत से दुखी हैं। पुलिस ने इस मामले में विस्तृत जांच की और जांच अपने अंतिम चरण में पहुंच गई है। अभी तक की जांच में पता चला है कि लड़की को जलाने में कोई दूसरा व्यक्ति शामिल नहीं था। हम अपील करते हैं कि घटना के बारे में कोई भी संवेदनशील टिप्पणी न करें।’ बीती 19 जुलाई को 15 साल की नाबालिग को कथित तौर पर कुछ अज्ञात लोगों ने एक सुनसान जगह पर ले जाकर जिंदा जला दिया था। घटना को लेकर ओडिशा में काफी हंगामा हुआ। विपक्ष ने कानून व्यवस्था के मुद्दे पर सरकार को जमकर लताड़ा। अब पुलिस के दावे के बाद इस घटना में नया मोड़ आ गया है।
#WATCH | Delhi: The 15-year-old girl who was set on fire by miscreants on July 19 in Balanga, Odisha, succumbed to her injuries yesterday at AIIMS Delhi.
Her postmortem has been done at AIIMS Trauma Center and her body has now been handed over to her family. It will be… pic.twitter.com/eTBrvu7kMx— ANI (@ANI) August 3, 2025
पीड़िता के पिता बोले- मैं किसी पर उंगली नहीं उठाना चाहता
पीड़िता के पिता ने कहा कि ‘मैं किसी पर उंगली नहीं उठाना चाहता। सभी ने मेरी बेटी के लिए दुआ की, चाहे वह किसी भी धर्म का हो। मैं किसी से नाराज़ नहीं हूं। मेरी बेटी मेरे भाग्य का हिस्सा नहीं थी। मैं किसी को दोष नहीं देना चाहता। मैं आपसे विनती करता हूं कि कृपया मुझे और मेरे परिवार को राजनीति से दूर रखें। जब तक वह हमारे साथ घर पर थी, सब ठीक था। मुझे नहीं पता कि यह कैसे हुआ।’
ये भी पढ़ें- Odisha: ‘न्याय में देरी न्याय न मिलने के समान’, 15 वर्षीय नाबालिग लड़की की मौत पर कांग्रेस-बीजद ने उठाए सवाल
पीड़िता के चाचा ने कहा कि ‘ऊपर वाले ने उसे हमसे छीन लिया है। अब हम किसी को दोष नहीं दे सकते। सरकार ने हमारी बहुत मदद की है। अस्पताल के डॉक्टर और पूरा स्टाफ बहुत अच्छा था। सभी ने अपना काम बखूबी किया है। हमें किसी से कोई दिक्कत नहीं है। पिता (हिम्मत अली) डिप्रेशन में चले गए हैं। वह कुछ भी कहने की हालत में नहीं हैं। उन्हें इस हालत में देखकर मुझे बहुत दुख हो रहा है।’











