दुद्धी/सोनभद्र/एबीएन न्यूज। मिशन शक्ति 5.0 के तहत बेटियों में आत्मनिर्भरता, नेतृत्व क्षमता और आत्मविश्वास को बढ़ावा देने के उद्देश्य से शुक्रवार को आदर्श इंटरमीडिएट कॉलेज, महुली में एक प्रेरणादायक कार्यक्रम आयोजित किया गया, इस विशेष अवसर पर कक्षा 11वीं की मेधावी छात्रा निधिमणि को “एक दिन की प्रधानाचार्या” बनने का गौरव प्राप्त हुआ,
प्रधानाचार्य की कुर्सी संभालते ही निधिमणि ने विद्यालय संचालन की जिम्मेदारी बड़ी निष्ठा और आत्मविश्वास के साथ निभाई, उन्होंने छात्र-छात्राओं को अनुशासन, अध्ययन, स्वच्छता और शिक्षकों के प्रति सम्मान बनाए रखने का संदेश दिया, निधिमणि ने कहा — “शिक्षा ही वह शक्ति है जो हमें अपने अधिकारों की रक्षा और कर्तव्यों के पालन की प्रेरणा देती है।”
इस अवसर पर 12वीं की शालिनी गुप्ता और पायल, 11वीं की मानगी, तथा 10वीं की वर्षा गुप्ता, पुष्प, खुशी विश्वकर्मा और प्रिया को “एक दिन की अध्यापिका” बनाया गया, इन छात्राओं ने आत्मविश्वास और नेतृत्व का सराहनीय प्रदर्शन करते हुए शिक्षण कार्य का संचालन किया,
कार्यक्रम के दौरान निधिमणि ने विश्व मानसिक स्वास्थ्य दिवस के अवसर पर मानसिक संतुलन, सकारात्मक सोच और स्वस्थ दिनचर्या के महत्व पर भी प्रकाश डाला, उन्होंने शिक्षकों से विद्यार्थियों की उपस्थिति, व्यवहार और स्वच्छता पर विशेष ध्यान देने का आग्रह किया,
विद्यालय के प्रबंधक महबूब आलम ने छात्राओं का उत्साहवर्धन करते हुए कहा — “ऐसे आयोजन छात्राओं में आत्मविश्वास, जिम्मेदारी और नेतृत्व की भावना को प्रबल करते हैं, शिक्षा का उद्देश्य केवल ज्ञान प्राप्त करना नहीं, बल्कि व्यक्तित्व को सशक्त बनाना है।”
प्रधानाचार्य राकेश कुमार कन्नौजिया ने इस पहल की सराहना करते हुए कहा कि “मिशन शक्ति जैसे कार्यक्रम छात्राओं में निर्णय लेने की क्षमता, आत्मसम्मान और नेतृत्व के गुण विकसित करते हैं, निधिमणि जैसी छात्राएं विद्यालय और समाज दोनों का गौरव हैं।”
कार्यक्रम में वरिष्ठ शिक्षक कृष्ण मुरारी, संतोष कुमार कन्नौजिया, अवधेश कुमार, जयप्रकाश शर्मा, अमित मिश्रा, अभिषेक कुमार, विकास कुमार, मेराज समेत विद्यालय का समस्त स्टाफ उपस्थित रहा, सभी ने छात्राओं के उत्साह, व्यवहार और प्रदर्शन की प्रशंसा की, विद्यालय परिसर में पूरे दिन उत्साह, गर्व और प्रेरणा का माहौल छाया रहा, छात्राओं ने कहा कि “एक दिन की प्रधानाचार्या” बनना उनके जीवन का अविस्मरणीय अनुभव रहा,
कार्यक्रम के समापन पर प्रबंधक महबूब आलम ने कहा — “बेटियां ही असली परिवर्तन की वाहक हैं, आज की बेटियां हर क्षेत्र में अपनी प्रतिभा से समाज को नई दिशा दे रही हैं, शिक्षा के माध्यम से उन्हें सशक्त बनाना ही राष्ट्र निर्माण का वास्तविक आधार है।”
![]()












