लखनऊ/एबीएन न्यूज। मुख्य निर्वाचन अधिकारी उत्तर प्रदेश नवदीप रिणवा ने प्रदेश के सभी मतदाताओं से अपील की है कि वे शुद्ध निर्वाचक नामावली तैयार करने के उद्देश्य से चल रहे विशेष प्रगाढ़ पुनरीक्षण अभियान में सक्रिय भागीदारी करें। उन्होंने कहा कि सटीक और अद्यतन मतदाता सूची ही मज़बूत लोकतंत्र की नींव है।
अभियान के तहत गणना प्रपत्र (एन्यूमरेशन फॉर्म) का वितरण शुरू हो गया है। बूथ लेवल अधिकारी (BLO) घर-घर जाकर यह फॉर्म मतदाताओं को दे रहे हैं। प्रत्येक मतदाता से आग्रह किया गया है कि वे फॉर्म को ध्यानपूर्वक भरें, हस्ताक्षर करें और उसे बीएलओ को वापस करें।
यदि किसी मतदाता की अनुपस्थिति में बीएलओ घर पहुंचे, तो परिवार का कोई भी वयस्क सदस्य सभी सदस्यों की जानकारी भरकर हस्ताक्षर सहित फॉर्म दे सकता है। जिन मतदाताओं के हस्ताक्षरित फॉर्म बीएलओ को प्राप्त होंगे, उनके नाम आगामी ड्राफ्ट मतदाता सूची में शामिल किए जाएंगे, जिसका प्रकाशन 9 दिसंबर 2025 को किया जाएगा।
मुख्य निर्वाचन अधिकारी ने कहा कि यह आवश्यक है कि सभी मतदाता समय से फॉर्म भरकर बीएलओ को दें, ताकि किसी का नाम सूची से न छूटे। जिन नागरिकों के नाम 2023 की मतदाता सूची में दर्ज नहीं हैं, उनके लिए दूसरा चरण चलेगा—जहां ERO/एसडीएम कार्यालय द्वारा 9 दिसंबर के बाद नोटिस जारी कर सत्यापन प्रक्रिया की जाएगी।
सत्यापन के दौरान मतदाता को नागरिकता प्रमाण प्रस्तुत करना होगा, जिसके लिए आधार कार्ड, पासपोर्ट, ड्राइविंग लाइसेंस, बिजली बिल आदि दस्तावेज़ स्वीकार किए जाएंगे।
ऐसे मतदाताओं के नाम, जिनकी मृत्यु हो चुकी है या जो स्थायी रूप से अन्य स्थान पर चले गए हैं, उनके परिवारजन “येलो फॉर्म” के माध्यम से बीएलओ को सूचना दें, ताकि सूची से त्रुटिपूर्ण नाम हटाए जा सकें।
उन्होंने बताया कि राजनीतिक दलों के प्रतिनिधि भी इस अभियान में सक्रिय सहयोग कर रहे हैं, ताकि निर्वाचक नामावली अधिकतम सटीक, पारदर्शी और विश्वसनीय बनाई जा सके।
मुख्य निर्वाचन अधिकारी ने सभी मतदाताओं से अपील की कि वे सजग रहें और यह सुनिश्चित करें कि आगामी अंतिम मतदाता सूची, जो 7 फरवरी 2026 को प्रकाशित होगी, पूरी तरह त्रुटिरहित और अद्यतन हो।
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