नई दिल्ली. सिनेमा जगत में अक्सर कहा जाता है कि कहानी में दम हो तो भाषा की दीवारें गिर जाती हैं, लेकिन क्या कोई एक ऐसी फिल्म हो सकती है जिसे दुनिया के हर कोने में, हर भाषा में बार-बार बनाया जाए? जी हां, इटली की एक फिल्म ‘परफेक्ट स्ट्रेंजर्स’ (Perfetti Sconosciuti) ने यह कारनामा कर दिखाया है. मीडिया रिपोर्ट्स के अनुसार, साल 2016 में रिलीज हुई इस फिल्म के नाम अब तक 28 रीमेक होने का ‘गिनीज वर्ल्ड रिकॉर्ड’ दर्ज है. आइए जानते हैं इस कहानी में ऐसा क्या है और किन प्रमुख भाषाओं में इसने तहलका मचाया.
क्या है इस कहानी का मूल आधार?
फिल्म की कहानी बहुत साधारण लेकिन बेहद डरावनी है. सात पुराने दोस्त एक डिनर पार्टी के लिए मिलते हैं. बातों-बातों में वे एक गेम खेलने का फैसला करते हैं. हर कोई अपना मोबाइल फोन मेज पर रखेगा और रात भर आने वाले हर मैसेज, ईमेल या कॉल को सबके सामने साझा किया जाएगा. जिसे हम प्राइवेसी कहते हैं, वह एक पल में खत्म हो जाती है और शुरू होता है धोखे, विश्वासघात और छिपे हुए काले राजों का ऐसा सिलसिला, जो दोस्ती और रिश्तों की बुनियाद हिला देता है.
दुनियाभर के प्रमुख रीमेक पर एक नजर-
1. Perfetti Sconosciuti (इटली, 2016)
पाओलो जेनोवेस द्वारा निर्देशित यह वह फिल्म है जिसने इस सिलसिले की शुरुआत की. इस फिल्म ने दुनिया को बताया कि मोबाइल फोन अब हमारे शरीर का अंग बन चुका है और इसमें हमारी पूरी ‘ब्लैक बॉक्स’ लाइफ कैद है. फिल्म का अंत इतना प्रभावशाली था कि इसने दुनियाभर के फिल्मकारों को इसे अपनी भाषा में ढालने पर मजबूर कर दिया.
साल 2024 में रिलीज हुई अक्षय कुमार, तापसी पन्नू और वाणी कपूर स्टारर यह फिल्म इस कहानी का आधिकारिक भारतीय चेहरा है. भारतीय परिवेश के हिसाब से इसमें रिश्तों की जटिलताओं और हास्य का तड़का लगाया गया है. अक्षय कुमार की कॉमिक टाइमिंग ने इस डार्क कहानी को भारतीय दर्शकों के लिए मनोरंजक बना दिया.
3. Perfectos Desconocidos (स्पेन, 2017)
इटली के बाद स्पेन पहला देश था जिसने इसे अपनाया. मशहूर निर्देशक एलेक्स डी ला इग्लेसिया ने इसे इतना जबरदस्त बनाया कि यह स्पेनिश सिनेमा के इतिहास की सबसे सफल फिल्मों में शुमार हो गई. इसमें स्पेनिश संस्कृति का खुलापन और रिश्तों का तनाव बखूबी झलकता है.
4. Stranger in My Pocket (तुर्की, 2018)
तुर्की के दर्शकों के लिए बनाई गई इस फिल्म (Cebimdeki Yabancı) ने मिडिल ईस्ट के समाज में मोबाइल और सोशल मीडिया के प्रभाव को बहुत ही संजीदगी से पेश किया. इसने वहां के रूढ़िवादी समाज और आधुनिक तकनीक के टकराव को फिल्म का केंद्र बनाया.
5. Nothing to Hide (फ्रांस, 2018)
नेटफ्लिक्स पर ‘Le Jeu’ नाम से रिलीज हुई यह फिल्म वैश्विक स्तर पर सबसे ज्यादा देखी जाने वाली फिल्मों में से एक है. फ्रेंच सिनेमा की अपनी एक अलग चमक होती है, और इस फिल्म में भी पेरिस के बैकड्रॉप में दोस्तों के बीच के तनाव को बहुत ही कलात्मक ढंग से दिखाया गया है.
6. Intimate Strangers (दक्षिण कोरिया, 2018)
कोरियाई सिनेमा अपनी बारीकियों के लिए जाना जाता है. इस रीमेक में दिखाया गया कि कैसे एक समाज जो बाहर से बहुत अनुशासित दिखता है, उसके भीतर कितने राज दफन हैं. यह फिल्म दक्षिण कोरिया में बॉक्स ऑफिस पर ब्लॉकबस्टर रही.
7. Kill Mobile (चीन, 2018)
चीन, जहां मोबाइल सेंसरशिप और तकनीक का बोलबाला है, वहां इस कहानी ने एक अलग ही स्तर का रोमांच पैदा किया. ‘किल मोबाइल’ ने आधुनिक चीनी समाज में वैवाहिक संबंधों की कड़वाहट को उजागर किया और जबरदस्त कमाई की.
8. Loud Connection (रूस, 2019)
रूस में इस फिल्म को ‘Gromkaya svyaz’ नाम से बनाया गया. रूसी मिजाज के अनुसार इसमें ठंडक और कड़वाहट का मिश्रण था. फिल्म ने वहां के युवाओं के बीच यह बहस छेड़ दी कि क्या वास्तव में पार्टनर के साथ सब कुछ शेयर करना सही है?
9. Das perfekte Geheimnis (जर्मनी, 2019)
‘द परफेक्ट सीक्रेट’ नाम से बनी यह जर्मन फिल्म साल 2019 की वहां की सबसे सफल फिल्मों में से एक थी. जर्मन सिनेमा के सीधे और स्पष्ट संवादों ने इस कहानी को और भी मारक बना दिया.
10. Adult’s Situation (जापान, 2021)
जापानी समाज, जो अपनी प्राइवेसी को लेकर बहुत सतर्क रहता है, वहां इस फिल्म ने हलचल मचा दी. फिल्म ने यह सवाल खड़ा किया कि क्या तकनीक हमें करीब ला रही है या हमें अपनों से ही दूर कर रही है?
क्यों बनी यह कहानी एक ‘ग्लोबल फिनोमिना’?
‘परफेक्ट स्ट्रेंजर्स’ की सफलता का सबसे बड़ा कारण यह है कि यह किसी एक देश की नहीं, बल्कि हर उस इंसान की कहानी है जिसके हाथ में स्मार्टफोन है. यह फिल्म हमें आईना दिखाती है कि हम सब ‘तीन जिंदगियां’ जीते हैं: एक पब्लिकली, एक प्राइवेट और एक सीक्रेट. मोबाइल फोन ने हमारी इस ‘गुप्त’ जिंदगी को अपनी मुट्ठी में कैद कर लिया है. बिना किसी बड़े एक्शन या महंगे वीएफएक्स (VFX) के, सिर्फ एक डाइनिंग टेबल पर सात लोगों के बीच की बातचीत ने पूरी दुनिया के सिनेमा को हिलाकर रख दिया. यह साबित करता है कि एक बेहतरीन आईडिया ही असल में ‘किंग’ होता है.










