अमेरिका के वेस्ट वर्जीनिया राज्य से एक दिल दहला देने वाली खबर सामने आई है। भारतीय मूल के चार वरिष्ठ नागरिकों की कार दुर्घटना में मौत हो गई। ये चारों बीते दिनों न्यूयॉर्क से एक मंदिर दर्शन के बाद लापता हो गए थे। स्थानीय अधिकारियों ने पुष्टि की है कि दुर्घटनाग्रस्त कार एक खड़ी ढलान से नीचे गिरी मिली और सभी की मौके पर ही मौत हो चुकी थी।
मृतकों की पहचान किशोर दिवान, आशा दिवान, शैलेश दिवान और गीता दिवान के रूप में हुई है। इन चारों को आखिरी बार पिट्सबर्ग के एक मंदिर में देखा गया था। वहां से वे वेस्ट वर्जीनिया के माउंड्सविल में एक होटल ‘पैलेस लॉज’ जा रहे थे, लेकिन वहां कभी नहीं पहुंचे। इसके बाद दो अगस्त को रात करीब 9:30 बजे उनकी कार मार्शल काउंटी की एक सड़क के किनारे एक गहरी खाई में मिली।
पुलिस और राहतकर्मी पांच घंटे तक मौके पर जुटे रहे
मार्शल काउंटी के शेरिफ माइक डोहेर्टी ने बताया कि रेस्क्यू ऑपरेशन में पुलिस, फायर ब्रिगेड और मेडिकल टीम करीब पांच घंटे तक जुटी रही। घटनास्थल की स्थिति बेहद कठिन और खतरनाक थी, जिससे तलाशी अभियान में काफी मशक्कत करनी पड़ी। उन्होंने दिवान परिवार के प्रति संवेदना व्यक्त करते हुए कहा कि यह घटना पूरी स्थानीय समुदाय को हिला देने वाली है।
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गाड़ी का अंतिम सुराग, होटल से 22 मिनट पहले था
न्यूयॉर्क स्टेट गवर्नर ऑफिस के एशियन अमेरिकन एंड पैसिफिक आइलैंडर्स मामलों के निदेशक सिबू नायर ने पहले सोशल मीडिया पर ‘मिसिंग पर्सन’ अलर्ट जारी किया था। उन्होंने बताया कि ये चारों एक हल्के हरे रंग की कार में यात्रा कर रहे थे और आखिरी बार उन्हें ईरी, पेंसिल्वेनिया के एक फास्ट फूड जॉइंट में देखा गया था। इसके बाद उनसे संपर्क नहीं हो पाया। होटल से मात्र 22 मिनट की दूरी पर उनका संपर्क टूट गया था।
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सोशल मीडिया पर मची थी हलचल
घटना के बाद सोशल मीडिया पर दिवान परिवार की तस्वीरें, कपड़ों का विवरण और संभावित यात्रा मार्ग साझा किए गए थे। हजारों लोगों ने पोस्ट को साझा किया और उनकी सकुशल वापसी की कामना की। नायर ने कहा कि ये सभी समुदाय के प्रिय सदस्य थे और हर किसी को उनकी चिंता थी। लेकिन दुर्भाग्यवश, उनकी खोज एक दुखद अंजाम पर पहुंची।
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भारतीय समुदाय में शोक की लहर
इस घटना के बाद अमेरिकी भारतीय समुदाय में गहरा शोक फैल गया है। किशोर, आशा, शैलेश और गीता दिवान न केवल धार्मिक रूप से सक्रिय थे, बल्कि स्थानीय समुदाय से भी घनिष्ठ रूप से जुड़े हुए थे। अब उनके परिवारों और दोस्तों के लिए यह एक अपूरणीय क्षति है। अमेरिका और भारत दोनों जगह से लोग इस दुखद घटना पर शोक जता रहे हैं।













