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How Lucky Ali Entire career Was Ruined: बॉलीवुड के दिग्गज कॉमेडियन महमूद के बेटे लकी अली कभी गायक नहीं बनना चाहते थे. उन्हें शुरू से ही अभिनय में रुचि थी, लेकिन किस्मत को कुछ और ही मंजूर था. तकदीर ने उन्हें अभिनेता की बजाय बॉलीवुड का ऐसा गायक बनाया कि एक समय लोग उन्हें सोनू निगम और उदित नारायण से भी बेहतर मानने लगे थे.
नई दिल्ली. बॉलीवुड में एक दौर एक ऐसा भी आया था जब लकी अली की आवाज के लोग दीवाने हो गए थे. 2000 में आई ऋतिक रोशन की डेब्यू फिल्म ‘कहो न प्यार है’ में ‘न तुम जानो न हम’ और ‘एक पल का जीना’ जैसे गानों ने लकी अली को रातोंरात मशहूर बना दिया था.

धीरे-धीरे लकी अली की आवाज लोगों को बेहद पसंद आने लगी और एक वक्त लोग उन्हें उस दौर के मशहूर सिंगर सोनू निगम और अदित नायारण से बेस्ट मानने लगे, लेकिन आपको यह जानकर काफी हैरानी होगी कि लकी कभी सिंगर बनना ही नहीं चाहते थे.

लकी का शुरू से ही एक्टिंग की ओर रुझान था. उन्होंने चाइलड आर्टिस्ट के रूप में कई फिल्मों में काम भी किया, लेकिन जब वह बड़े हुए तो एक्टर की जगह किस्मत ने उन्हें एक मशहूर गायक बना दिया. लकी अली का गोल्डन पीरियड 2000 से 2003 के बीच था, जिस दौरान वह अपने शिखर पर थे.

तभी साल 2004 उनके जीवन और उनके करियर के लिए काल बनकर आया. मीडिया रिपोर्ट्स की मानें तो 2004 में टी-सीरीज के मालिक भूषण कुमार से लकी अली की अनबन हो गई गई थी और लकी एक जिद पर अड़ गए थे. उनकी सिर्फ जिद ने उनके करियर को तबाह कर दिया था.

दरअसल, टी-सीरीज ने लकी के एक एकल एल्बम ‘कभी ऐसा लगता है’ को बंद कर दिया था, क्योंकि उन्होंने केवल एक गीतकार (समीर) को श्रेय देने पर आपत्ति जताई थी, जबकि इसमें कई योगदानकर्ता काम कर रहे थे. उन्होंने सभी के लिए उचित श्रेय दिए जाने पर जोर दिया, और लेबल ने कथित तौर पर इस असहमति के कारण एल्बम को वापस ले लिया.

हालांकि, लकी अली ने अपनी इस लड़ाई के लिए सीधे तौर पर कभी भी भूषण कुमार का नाम नहीं लिया, लेकिन यह विवाद स्पष्ट रूप से भूषण कुमार के नेतृत्व वाली टी-सीरीज पर केंद्रित था. फिर उसी साल लकी के पिता महमूद का भी निधन हो गया था, जिससे वह काफी टूट गए थे.

जब महमूद का निधन हुआ तब लकी अमेरिका के पेनसिल्वेनिया में थे. वह अमेरिका में अपने इलाज के लिए गए थे. पिता के निधन के बाद लकी ने मुंबई क्या छोड़ा वह बॉलवुड से ही जुदा हो गए. आज कल उनके वीडियो वायरल होते रहते हैं, जिसमें वह ‘जाने क्या ढूंढता है ये मेरा दिल’ गाते नजर आते हैं.

मशहूर सिंगर बनने के बाद भी उन्हें एक एक्टर बनने की चाहत थी. इसलिए उन्होंने 2002 में आई फिल्म ‘सुर’ और ‘कांटे’ में भी नजर आए, लेकिन 2004 के बाद वह ज्यादा एक्टिव नहीं दिखे. आजकल वह गोवा में अपने बैंड के साथ परफॉर्म करते नजर आते हैं.
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