लखनऊ/एबीएन न्यूज। आरडीएसओ के सतर्कता निदेशालय द्वारा ‘सतर्कता जागरूकता अभियान–2025’ के अंतर्गत 10 अक्टूबर 2025 को दो महत्वपूर्ण कार्यक्रमों का आयोजन किया गया, इनमें मध्य प्रबंधन अधिकारियों के लिए संवादात्मक सत्र तथा विद्यालय के छात्रों के लिए पोस्टर निर्माण प्रतियोगिता शामिल रही, इन आयोजनों का उद्देश्य इस वर्ष की थीम ‘सतर्कता: हमारी साझा जिम्मेदारी’ को प्रोत्साहित करना था,
संवादात्मक सत्र की अध्यक्षता आरडीएसओ के अपर महानिदेशक श्री काज़ी मैराज अहमद ने की, जबकि सत्र का संचालन मुख्य सतर्कता अधिकारी श्री टी ए अंसारी द्वारा किया गया, यह सत्र ऑफलाइन और ऑनलाइन दोनों माध्यमों से संपन्न हुआ, जिसमें आरडीएसओ तथा इसके क्षेत्रीय कार्यालयों के संयुक्त निदेशक एवं निदेशक स्तर के अधिकारियों ने उत्साहपूर्वक भाग लिया,
सत्र के दौरान श्री अंसारी ने संगठन में ईमानदारी, पारदर्शिता और उत्तरदायित्व की संस्कृति को सुदृढ़ करने में सतर्कता निदेशालय की भूमिका पर विस्तृत जानकारी दी, उन्होंने शिकायत निवारण प्रक्रिया, सतर्कता कोण, केन्द्रीय सतर्कता आयोग के प्रावधान, भारतीय रेल सतर्कता नियमावली, भ्रष्टाचार निवारण अधिनियम तथा भारतीय नागरिक सुरक्षा संहिता (BNSS) के प्रासंगिक पहलुओं पर प्रकाश डाला, उन्होंने बताया कि सतर्कता कार्रवाई का मुख्य उद्देश्य किसी को दंडित करना नहीं बल्कि तंत्र में निरंतर सुधार लाना और कार्यस्थल पर पारदर्शिता को बढ़ावा देना है,
अपने संबोधन में अपर महानिदेशक श्री काज़ी मैराज अहमद ने सार्वजनिक सेवा में नैतिकता और परिश्रम को बनाए रखने में सतर्कता की महत्ता पर बल दिया, उन्होंने अधिकारियों से आग्रह किया कि वे सचेतना, साहस और समर्पण जैसे गुणों को अपनाएँ तथा तकनीक आधारित दृष्टिकोण से कार्य में दक्षता और पारदर्शिता बढ़ाएँ, उन्होंने कहा कि सतर्कता केवल एक विभागीय प्रक्रिया नहीं, बल्कि यह प्रत्येक कर्मचारी की व्यक्तिगत जिम्मेदारी है जो संगठन की साख और कार्यकुशलता को मजबूत बनाती है,

इसी क्रम में आरडीएसओ सतर्कता निदेशालय द्वारा सेंट मेरी कॉन्वेंट इंटर कॉलेज, आरडीएसओ, लखनऊ में पोस्टर निर्माण प्रतियोगिता का आयोजन किया गया, जिसमें कक्षा 6 से 8 के 118 छात्रों ने भाग लिया, बच्चों ने “सतर्कता” विषय पर अपने विचारों को सृजनात्मक और प्रभावशाली पोस्टरों के माध्यम से प्रस्तुत किया, उनके कार्यों में ईमानदारी, जिम्मेदारी और पारदर्शिता के संदेश प्रमुख रूप से झलके, प्रतियोगिता में उत्कृष्ट प्रदर्शन करने वाले छात्रों को आगामी सतर्कता जागरूकता सप्ताह समारोह के दौरान महानिदेशक, आरडीएसओ द्वारा पुरस्कृत किया जाएगा,

आरडीएसओ का यह प्रयास न केवल अधिकारियों और कर्मचारियों में सतर्कता के प्रति जागरूकता बढ़ाने का माध्यम बना, बल्कि नई पीढ़ी में भी ईमानदारी और नैतिक मूल्यों के प्रति संवेदनशीलता विकसित करने की दिशा में एक सार्थक पहल साबित हुआ,
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