Last Updated:
राजपाल यादव ने जेल से बाहर आने के बाद पहली बार चेक बाउंस मामले में अपने वकील के साथ एक प्रेस कॉन्फ्रेंस की, जिसमें उन्होंने शिकायतकर्ता पर आरोप लगाए. उन्होंने दावा किया कि उन्होंने इस मामले को सुलझाने के लिए संपत्ति के कागजात की पेशकश की थी. लेकिन शिकायतकर्ता ने लेने से इनकार कर दिए. उन्होंने बताया कि अभी मेरे पास 1200 करोड़ का काम है, लेकिन शिकायतकर्ता का मकसद सिर्फ उन्हें जेल भेजना है.
नई दिल्ली. बॉलीवुड के मशहूर कॉमेडियन राजपाल यादव इन दिनों एक पुराने चेक बाउंस मामले को लेकर सुर्खियों में हैं. शनिवार को उन्होंने अपने वकील भास्कर उपाध्याय के साथ एक प्रेस कॉन्फ्रेंस की और इस मामले से जुड़े कई चौंकाने वाले खुलासे किए. राजपाल ने दावा किया कि उनके पास आने वाले समय में 1200 करोड़ रुपये का काम है, लेकिन फिर भी शिकायतकर्ता उन्हें जेल भेजना चाहता है. उन्होंने ये भी दावा किया कि शिकायतकर्ता धमकी देते हुए कहा कि 10 करोड़ नहीं दिए तो तुम्हारा एक-एक इंच बिकवा दूंगा.

राजपाल यादव पर बिजनेसमैन माधव गोपाल अग्रवाल (M/s मुरली प्रोजेक्ट्स प्राइवेट लिमिटेड) ने चेक बाउंस का मामला दर्ज कराया था. राजपाल और उनके वकील ने प्रेस कॉन्फ्रेंस में बताया कि यह मामला साल 2010 में राजपाल द्वारा निर्देशित फिल्म ‘अता पता लापता’ से जुड़ा है. इस फिल्म के लिए माधव गोपाल अग्रवाल ने 5 करोड़ रुपये का निवेश किया था. (फोटो साभारः इंस्टाग्राम @rajpalofficial)

राजपाल के वकील भास्कर उपाध्याय ने आरोप लगाया कि इस रकम पर बहुत ज्यादा ब्याज लगाया गया, जिसके चलते यह कर्ज बढ़कर 10.40 करोड़ रुपये हो गया. उन्होंने कहा कि शिकायतकर्ता का असली मकसद पैसा वसूलना नहीं, बल्कि राजपाल को सलाखों के पीछे भेजना है. फाइल फोटो.
Add News18 as
Preferred Source on Google

राजपाल के वकील ने बताया, ‘उन्होंने (शिकायतकर्ता ने) प्रेस कॉन्फ्रेंस में कहा था कि वे राजपाल को जेल नहीं भेजना चाहते. यह पूरी तरह झूठ है. साल 2018 में राजपाल ने कोर्ट में सिक्योरिटी राशि जमा कराई थी और अपनी संपत्ति के कागजात भी अटैच करने को तैयार थे. लेकिन माधव गोपाल अग्रवाल ने उसे लेने से इनकार कर दिया और राजपाल को जेल भेजने पर अड़े रहे. अगर वह सिक्योरिटी ले लेते तो यह केस 2018 में ही खत्म हो जाता.’ वकील ने आगे कहा कि शिकायतकर्ता झूठ फैला रहा है और राजपाल की छवि खराब कर रहा है. उनका इशारा था कि शिकायतकर्ता की मंशा साफ नहीं है और वह सिर्फ एक्टर को बदनाम करना चाहता है. फाइल फोटो.

प्रेस कॉन्फ्रेंस में राजपाल यादव ने भी अपनी बात रखी. उन्होंने बताया कि कैसे वह अक्सर निर्माताओं की मदद के लिए बिना पैसे लिए काम करते हैं. उन्होंने यह भी बताया कि उन्होंने अपने गांव को गोद लिया और वहां विकास के काम किए. अपने आने वाले प्रोजेक्ट्स पर राजपाल ने कहा, ‘अगले 7 सालों में मेरे पास 1200 करोड़ रुपये के ब्रांडिंग का काम है. मेरे पास 4 एग्रीमेंट हैं. इसमें फिल्में शामिल नहीं हैं. कोई प्रोजेक्ट 200 करोड़ का है, कोई 2000 करोड़ का. इसमें से कुछ मेरी फीस है और कुछ प्रोजेक्ट में मेरी हिस्सेदारी है. मेरे पास 10 फिल्में लाइन में हैं.’ फाइल फोटो.

उन्होंने साफ किया कि पिछले 10 सालों में उन्होंने जो सबक सीखा, वह उनके करियर में बहुत काम आ रहा है. राजपाल ने फैंस और दोस्तों से मिल रही मदद पर भी बात की. उन्होंने कहा, ‘पिछले 20 दिनों में बच्चों की गुल्लक से लेकर सोशल मीडिया से 1 करोड़ रुपये और भी बहुत कुछ मिला है. मैं सबका नाम लेकर बयान जारी करूंगा… मैं उन सबका शुक्रिया करना चाहता हूं. मैं उनसे सिर्फ वक्त मांगता हूं, लेकिन मैं उनका सारा पैसा इज्जत के साथ लौटा दूंगा.’ उन्होंने कहा कि वह इस स्थिति से निकलने के लिए कभी भी गलत रास्ते पर नहीं गए और बस चाहते हैं कि कोर्ट उनकी बात भी सुने. फाइल फोटो.

शिकायतकर्ता पर गंभीर आरोप लगाते हुए राजपाल ने कहा कि उन्होंने मुझसे कहा था, ‘अगर तुम 10.40 करोड़ नहीं भेजोगे तो तुम्हारा एक-एक इंच बेच दूंगा’. उन्होंने कहा कि यह सब बदले की भावना से किया जा रहा है. फाइल फोटो.

आखिर में राजपाल ने अपने अंदाज में कहा, ‘मैं आपका आशीर्वाद चाहता हूं… जियो राजा की तरह, काम करो मजदूर की तरह. किंग तो किंग है, चाहे जेल में हो या यहां, और किंग भागता नहीं, छिपता नहीं.’ फाइल फोटो.
![]()











