मोबाइल पर एपीके फाइल फॉरमेट में आए शादी के कार्ड को डाउनलोड करते ही बिजली विभाग के लाइनमैन के खाते से 4.17 लाख रुपये पार हो गए। ऑनलाइन पोर्टल पर शिकायत मिलते ही साइबर सेल ने शातिर ठग के खाते में 59 हजार रुपये फ्रीज करा दिए।
हसायन के गांव रसूलपुर निवासी पवन कुमार बिजली विभाग में लाइनमैन हैं। 25 फरवरी की शाम लगभग 6.15 बजे उनके व्हाट्सएप पर अनजान नंबर से शादी का निमंत्रण आया। फाइल के साथ हिंदी में शादी में जरूर आने का निवेदन भी किया था। उन्होंने कार्ड खोला तो फाइल डाउनलोड हो गई, जो कि एपीके थी। पवन के अनुसार कार्ड तो नहीं मिला, लेकिन अलग एप खुल गई।
एपीके डाउनलोड होते ही कार्ड पर क्लिक किया तो एक अलग एप खुल गई, जिसमें विभिन्न अनुमति मांगी गई। समझ न आने पर पवन ने मोबाइल बंद कर रख दिया, लेकिन तभी लगातार मेसेज आने लगे। 15 मिनट के अंतराल में पांच से छह बार में उनके खाते से 4,17,669 रुपये कट गए। रुपये कटने के मेसेज देख उनके होश उड़ गए। बाद में समझ आया कि उनका मोबाइल हैक हो चुका है।
उन्होंने तत्काल 1930 हेल्पलाइन से एनसीआरपी पोर्टल पर शिकायत की। एनसीआरपी से अपडेट मिलते ही साइबर सेल की टीम हरकत में आ गई। ट्रांजेक्शन के जरिये टीम ठग के बैंक खाते तक पहुंच गई और फोन पर बात कर बैंक खाता फ्रीज करा दिया। तब तक ठग के खाते में मात्र 59 हजार रुपये ही बचे थे। बाकी रुपये एटीएम से निकाले जा चुके थे। एफआईआर दर्ज कर साइबर टीम मामले की छानबीन में जुट गई है। साइबर सेल प्रभारी आशीष कुमार ने बताया कि रिपोर्ट दर्ज कर ली गई है। छानबीन की जा रही है।
एपीके फाइल डाउनलोड होने पर तत्काल ये कदम उठाएं
- इंटरनेट बंद करें : ताकि आपका डेटा हैकर के सर्वर पर न जा सके।
- एप अनइंस्टॉल करें : सेटिंग्स में जाकर उस ऐप को ढूंढ़ें और तुरंत अनइंस्टॉल कर डिलीट करें।
- सेफ मोड : अगर ऐप डिलीट नहीं हो रहा तो फोन को सेफ मोड में बूट करके डिलीट करें।
- साइबर सेल को सूचित करें : एप डाउनलोड होने या फ्रॉड होने पर तत्काल साइबर सेल के 1930 हेल्पलाइन पर कॉल करें।
- बैंक को सूचित करें : अगर आपने कोई वित्तीय जानकारी साझा की है, तो तुरंत कार्ड ब्लॉक करवाएं।












